तेरे चरणा च जोड़ी प्रीत वे मैं ता जगदी भूल गई रीत वे

तेरे चरणा च जोड़ी प्रीत वे मैं ता जगदी भूल गई रीत वे

तेरे चरणा च जोड़ी प्रीत वे, मैं ता जगदी भूल गई रीत वे

  1. नजर मेहर दी मार के तू एक बारी ता वेख जरां-२

मेरे जेहे ता लक्खा तेनुं पर मेरा सहारा तुं एक भलां-२

मेरी चरणा च निभ जाए प्रीत वे,मैं ता जगदी भूल गई रीत वे…

2. जग दी भूल भुलैया विच तू छोड़ी ना मेरा साथ वे-२

मैं पकड़ा ते छूट जाना तू कसके पकड़ ले हाथ वे-२

मेरी चरणा च निभ जाए प्रीत वे,मैं ता जगदी भूल गई रीत वे…

3. औगुन मेरे बड़े भारी तू फड़ तकड़ी मैनूं तौली ना-२

कमली आ मैं झल्ली आ मैनूं भव सागर विच रौली ना-२

मेरी आप निभाना प्रीत वे,मैं ता जगदी भूल गई रीत वे…

4. याद करा तेरा जिकर करां तेरा सिमरन ही दिन रात करां-२

हरपल हरदम शुकर करा तेरी हर वेले ही बात करां-२

मेरी आप निभाना प्रीत वे,मैं ता जगदी भूल गई रीत वे…

हथ जोड़ के चरणां विच ऐहो अरदास मेरी ए-२

5. चरणां नाल मैनूं जोड़ी रख्खी मेरी तोड़ी कदी ना आस वे-२

तेरा प्यार ही मेरी जीत वे,मेरी आप निभाना प्रीत वे…

मैं ता जगदी भूल गई रीत वे…

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *